ISSN - 2455-2011
RNI - UPHIN/2017/74803

Author name: hanifmadar@gmail.com

ek krantikari ki katha
व्यंग्य, हरिशंकर परसाई

क्रांतिकारी की कथा : राजनीति और समाज का व्यंग्यात्मक सच

‘क्रांतिकारी की कथा’ एक तीखा व्यंग्य है जो समाज, सत्ता और दिखावटी क्रांति की मानसिकता को उजागर करता है। यह […]

Chand ke par ek chabhi
अवधेश प्रीत, आलेख, लेखक, सुशील कुमार भारद्वाज

विकासोन्मुख गाँव की जातिगत समस्या : ‘चाँद के पार एक चाभी’ का सामाजिक विश्लेषण

विकास की ओर बढ़ते भारतीय गाँवों में जातिगत भेदभाव अब भी एक गंभीर समस्या है। ‘चाँद के पार एक चाभी’

पढ़ने-गुनने की जगह: कैसे वाचनालय और पुस्तकालय गढ़ते हैं व्यक्तित्व
आलेख, राजेश उत्साही, लेखक

पढ़ने-गुनने की जगह: कैसे वाचनालय और पुस्तकालय गढ़ते हैं व्यक्तित्व

1985 में चकमक से जुड़ाव ने किताबों और वाचनालयों के साथ एक नया रिश्ता बनाया। हर महीने पुस्तकालय में बिताए

“सीमा सिंह” की आवाज़ मे सुनिए ‘हनीफ़ मदार’ की कहानी “चरित्रहीन”
आवाज़, कहानी, सीमा सिंह

“सीमा सिंह” की आवाज़ मे सुनिए ‘हनीफ़ मदार’ की कहानी “चरित्रहीन”

‘ड्राइवर साहब, आप मुझे हितैशी समझें या दुश्मन परन्तु बात सच है मुंह से नहीं कह पाया इसलिए लिख कर

Hanif Madaar
आलेख, लेखक, हनीफ़ मदार

आखिर क्या लिखूं ? | जब दिल भरा हो लेकिन शब्द न मिलें

कितना तकलीफ़देह होता है उस स्वीकारोक्ति से खुद का साक्षात्कार, जहाँ आपको एहसास हो कि जिस चीज़ की प्राप्ति या

Manohar-Shyam
आलेख, आशीष जयसवाल, लेखक

प्रेम एवम् विद्रोह के बीच खड़े मनोहर श्याम जोशी, आलेख

सभ्यता के विकास के साथ ही प्रेम और युद्ध से सम्बन्धित किस्से कहानियां प्रचलित होने लगी थीं ! प्रेम और

beti ka huqa
अनीता चौधरी, कहानी, लेखक

फिर लौट आई कामिनी – अपने हक के लिए लड़ती एक साहसी बेटी की कहानी

पाँच साल बाद गाँव लौटी कामिनी अपने प्रेम के लिए नहीं, बल्कि अपने पिता की संपत्ति में बराबरी के हक

Lio Tolistoy
लघु-कथा, लियो टॉल्स्टॉय, लेखक, सुकेश साहनी

दयामय की दया – लियो टॉल्स्टॉय की कहानियों में करुणा, मानवता और जीवन दर्शन

“दयामय की दया” केवल एक कहानी नहीं, बल्कि मनुष्य के भीतर छिपी करुणा, नैतिकता और अंतःकरण की शक्ति का गहरा

Photo Ayaan Madaar
कविता, कैलाश मनहर, लेखक

खोया हुआ आदमी एवं अन्य कविताएं (कैलाश मनहर)

कैलाश मनहर की कविताएँ—समकालीन जीवन की संवेदनहीनता, सामाजिक पाखंड और मानवीय अनुभवों की गहराई को बेहद सहज लेकिन तीखे ढंग

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